जीवन
कोस्तास उरानिस 1890 में कॉन्स्टेंटिनोपल में जन्मे, जो तब ऑटोमन साम्राज्य का हिस्सा था। बचपन पेलोपोनीस के लेओनिदियो में बीता; उन्होंने नाफ़्प्लियो और कॉन्स्टेंटिनोपल में भी पढ़ाई की। 1910 में यूरोप में अध्ययन के लिए गए। अख़बारों ने यात्रा को निरंतर काम बनाया: पेरिस, लंदन, रोम और अन्य शहरों से समाचार भेजे। 1920–1924 में लिस्बन में यूनानी वाणिज्यदूत रहे, फिर एथेंस में पत्रकार। स्थान बदलने से लेखन को सामग्री और दूरी तथा विरह को भाषा मिली।
1909 का किशोर संग्रह बाद में अस्वीकार कर उन्होंने Spleen (विषाद, 1912) को काव्य-आरंभ माना। Νοσταλγίες (विरह-स्मृतियाँ) 1920 में आया। गद्य में स्पेन की यात्राओं का Sol y sombra (धूप और छाया, 1934), Γλαυκοί δρόμοι (नील-धूसर रास्ते, 1947) और Ταξίδια στην Ελλάδα (यूनान में यात्राएँ, 1949) शामिल हैं। निधन 12 जुलाई 1953 को हुआ। मरणोपरांत Ποιήματα (कविताएँ, 1953) में Αποδημίες (प्रस्थान) सहित कविता एकत्र हुई। ELIA-MIET में पांडुलिपियाँ, पत्र और अनुवाद सुरक्षित हैं। ईआरटी की Εποχές και Συγγραφείς (युग और लेखक) शृंखला ने बाद में जीवन और साहित्यिक यात्राएँ दिखाईं; 2023 में अभिलेखीय स्मरण प्रस्तुत हुआ।
कृतियाँ

उरानिस ने यात्रा-अनुभव को आधुनिक यूनानी साहित्यिक गद्य का विषय बनाने में योगदान दिया। किताबें किसी खास दृष्टा की अनुभूतियाँ हैं: दृश्य, वास्तुकला और बदलते भाव साथ आते हैं, केवल रास्ते और स्मारक नहीं। Sol y sombra (धूप और छाया, 1934) का शीर्षक स्पेनी है, पर कृति यूनानी यात्रा-लेखन की है। कविता लालसा, थकान और जाने की चाह की दूसरी यात्रा करती है। फ़्रांसीसी शीर्षक Spleen (विषाद, 1912) बोदलेर का प्रभाव दिखाता है। Νοσταλγίες (विरह-स्मृतियाँ, 1920) प्रसिद्ध उदास स्वर विकसित करता है।
Ο Μυστράς (मिस्त्रास) में स्पार्टा के पास का वसंत-दृश्य खंडहर बीजान्टिन नगर को देखने का ढंग बदलता है। प्रकाश, फूल और कल्पना से दीवारें, मीनारें और गिरजाघर जी उठते लगते हैं। उपमाएँ और भाव साहित्यिक दृष्टि बनाते हैं। पहले आरंभ का भूतकाल ήταν (था) पहचानें। अपना वाक्य बनाएँ: Ο λόφος είναι ψηλός (पहाड़ी ऊँची है)। बदलें: Ο λόφος ήταν ψηλός (पहाड़ी ऊँची थी)। क्रिया वर्णन को पहले के समय में रखती है। अनुकूलित पाठ मूल की समृद्ध भाषा से पहले यह छोटा कदम सिखाता है।
आज के यूनान में विरासत
उरानिस स्कूल-संकलनों, साहित्यिक अभिलेखों और ईआरटी के वृत्तचित्र से उपलब्ध हैं। शिक्षा मंत्रालय का Ο Μυστράς (मिस्त्रास) पृष्ठ खोलें। पंतानासा गिरजाघर की तस्वीर देखें और आरंभ में ήταν (था) खोजें। जोड़ी लिखें: Ο λόφος είναι ψηλός (पहाड़ी ऊँची है) और Ο λόφος ήταν ψηλός (पहाड़ी ऊँची थी)। केवल बदली क्रिया रेखांकित करें। दूसरी तस्वीर के लिए Είναι μια ανοιξιάτικη μέρα (यह वसंत का दिन है) कहें, फिर Ήταν μια ανοιξιάτικη μέρα (वह वसंत का दिन था) से भूतकाल बनाएँ। मूल की छवियाँ छोटे उपयोगी वर्णन की पृष्ठभूमि देती हैं।
क्या आप जानते हैं?
- वे 1920–1924 में लिस्बन में यूनानी वाणिज्यदूत रहे।
- Αποδημίες मरणोपरांत Ποιήματα, 1953 में शामिल हुआ।
- ELIA-MIET अभिलेख में यूनानी, फ़्रांसीसी, अंग्रेज़ी और इतालवी दस्तावेज़ हैं।
प्रमुख कृतियाँ
| यूनानी शीर्षक | शीर्षक | वर्ष |
|---|---|---|
| Spleen | विषाद | 1912 |
| Νοσταλγίες | विरह-स्मृतियाँ | 1920 |
| Sol y sombra | धूप और छाया | 1934 |
| Γλαυκοί δρόμοι | नील-धूसर रास्ते | 1947 |
| Ταξίδια στην Ελλάδα | यूनान में यात्राएँ | 1949 |
| Ποιήματα | कविताएँ — मरणोपरांत संग्रह | 1953 |
याद रखने लायक एक पंक्ति
Ο αέρας ήταν αρωματισμένος…
O aéras ítan aromatisménos…
हवा सुगंधित थी…

























































































