जीवन
निकोस निकोलाउ, जिनका नाम Nikos Nikolaou या Nikos Nicolaou भी लिखा जाता है, 1909 में हाइड्रा में जन्मे और बचपन में एथेंस आए। उन्होंने 1929 में एथेंस के ललित कला विद्यालय में कॉन्स्तांतिनोस पार्थेनिस और उम्बेर्तोस आर्गिरोस से कला सीखनी शुरू की। वहीं यानिस मोरालिस से उनकी आजीवन मित्रता बनी। 1937 में दोनों रोम गए; आगे की पढ़ाई निकोलाउ को पेरिस ले गई, फिर द्वितीय विश्वयुद्ध के कारण वे यूनान लौटे।
उनकी पहली एकल प्रदर्शनी 1948 में एथेंस में हुई। वे आर्मोस समूह के संस्थापक सदस्य बने और अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शनियों में शामिल हुए, जिनमें 1957 में साओ पाउलो और 1964 में वेनिस थे। उसी वर्ष वे एथेंस के ललित कला विद्यालय के प्रोफ़ेसर चुने गए। अध्यापन, रंगमंच-सज्जा और भित्तिचित्र उनकी कैनवास चित्रकला के साथ विकसित हुए।
1960 के दशक में एजिना महत्वपूर्ण निवास और कार्यस्थल बना। तट, वनस्पति और कलाकार-मित्रताएँ मानव आकृति के निरंतर अध्ययन के साथ रहीं। 1986 में उनका निधन हुआ। उसी वर्ष उनके सैद्धांतिक लेख Η περιπέτεια της γραμμής στην Τέχνη (कला में रेखा का रोमांच) के रूप में प्रकाशित हुए। राष्ट्रीय गैलरी ने 1991 में पुनरावलोकन प्रदर्शनी की; 2011 के दान से उनका अभिलेख यूनान के राष्ट्रीय बैंक की सांस्कृतिक संस्था MIET पहुँचा।
कृतियाँ

निकोलाउ की आकृतियों में स्पष्ट रूपरेखा, सरल रूप और संयत रंग मिलते हैं। प्राचीन यूनानी कला, विशेषकर पुरातन कूरोस प्रतिमा का अध्ययन, शरीर और स्थान की आधुनिक व्यवस्था में सहायक बना। उनकी कृतियों में आकृतियों के साथ अंजीर, जैतून और अनार के पेड़ दिखते हैं। रंगमंच के दृश्य, वेशभूषा और पांतेइओन जैसे सार्वजनिक भवनों के भित्तिचित्रों ने इस दृश्य-भाषा को चौखटे वाले चित्र से आगे बढ़ाया।
Ύδρα (हाइड्रा, 1953) द्वीपीय वास्तुकला को राष्ट्रीय गैलरी के संग्रह में लाती है। Σύνθεση (संयोजन, 1963) आकृतियों और समतलों से एकीकृत चित्र बनाने की उनकी खोज का हिस्सा है। Προσωπογραφία άνδρα (एक पुरुष का चित्र, 1969) अधिक निश्चित विषय देती है। संग्रहालय की टिप्पणी में कैनवास पर तैलचित्र, 40 गुणा 25 सेंटीमीटर दर्ज है: छोटी कृति का शीर्षक चित्रकार की क्रिया पर आसान यूनानी वाक्य बन सकता है।
चित्रित Πέτρες (पत्थर, 1983) प्रयोग का अलग पैमाना दिखाते हैं। स्वाभाविक गोल सतह चित्र का आधार बनती है; ERT का आत्मकथात्मक वृत्तचित्र उन्हें एजिना के स्टूडियो में समुद्री कंकड़ चित्रित करते दिखाता है। Η περιπέτεια της γραμμής στην Τέχνη (कला में रेखा का रोमांच, 1986) कलात्मक अनुभव और प्रयोग पर उनके विचार एकत्र करती है। इन माध्यमों में रेखांकन चित्र को एक रखने वाले संबंध खोजने का साधन बना रहता है।
आज के यूनान में विरासत
राष्ट्रीय गैलरी की Προσωπογραφία άνδρα (एक पुरुष का चित्र, 1969) प्रविष्टि खोजें। शीर्षक, तारीख और सामग्री λάδι σε μουσαμά पढ़ें। पूरे यूनानी वाक्यों में छोटी टिप्पणी लिखें: Ο ζωγράφος ζωγράφισε έναν άνδρα. Το έργο είναι του 1969. Είναι λάδι σε μουσαμά. फिर दिखते चेहरे पर एक बात जोड़ें।
संक्षिप्त शीर्षक की अपने वाक्य से तुलना करें: चित्रित व्यक्ति ζωγράφισε का कर्म बनता है। यहाँ λάδι चित्र बनाने का माध्यम है। अनुकूलित पाठ संग्रहालय-टिप्पणी पढ़ने के इस अभ्यास में मदद करता है। आगे ERT का 1982 में फ़िल्माया Μονόγραμμα (मोनोग्राम) निकोलाउ को काम की चर्चा और एजिना में कंकड़ चित्रित करते दिखाता है।
क्या आप जानते हैं?
- उनकी पहली एकल प्रदर्शनी 1948 में एथेंस में हुई।
- वे 1964 में एथेंस के ललित कला विद्यालय के प्रोफ़ेसर चुने गए।
- 2011 में उनका अभिलेख MIET को दान हुआ, जिसमें रेखाचित्र, तस्वीरें और पत्र सुरक्षित हैं।
प्रमुख कृतियाँ
| यूनानी शीर्षक | शीर्षक | वर्ष |
|---|---|---|
| Ύδρα | हाइड्रा | 1953 |
| Σύνθεση | संयोजन | 1963 |
| Προσωπογραφία άνδρα | एक पुरुष का चित्र | 1969 |
| Πέτρες | पत्थर | 1983 |
| Η περιπέτεια της γραμμής στην Τέχνη | कला में रेखा का रोमांच | 1986 |
याद रखने लायक एक पंक्ति
Η ζωγραφική είναι μία γλώσσα, μία γραφή.
I zografikí eínai mía glóssa, mía grafí.
चित्रकला एक भाषा है, एक लेखन है।

























































































